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सत्यवादी पाकिस्तान

पाकिस्तान की सत्यवादिता एक बार फिर प्रमाणित हो गई है। एबटाबाद स्थित ओसामा बिन लादेन के गुप्त आवास का पता बताने वाले एक पाकिस्तानी मूल के डॉक्टर के विरुद्ध न केवल मुकद्दमा दर्ज़ किया गया है अपितु उसकी सारी चल-अचल सम्पत्ति भी सरकार ने छिना ली है।( भारत सरकार को पाकिस्तान से यह सबक लेना चाहिये। हमारे यहाँ तो भृष्ट से भृष्ट व्यक्ति की भी सम्पत्ति कभी राजसात नहीं होती ) उस पर आरोप है कि उसने लादेन का पता लगाने के लिये टीकाकरण के बहाने से एक गुप्त अभियान चलाया था। 
इससे एक बात पाकिस्तान ने खुद प्रमाणित कर दी है कि उसने लादेन को संरक्षण दे रखा था और इस मामले में वह पूरे विश्व को बेवकूफ बनाता रहा था. यह भी प्रमाणित हो गया है कि पाकिस्तान आतंकी गतिविधियों का केन्द्र रहा  है। किंतु भारत सरकार पाकिस्तान के इस कंफेशन को शायद स्वीकार नहीं करेगी। स्वीकार करने की स्थिति में उस पर कसाब को फांसी देने का दबाव बढ जायेगा। 

4 टिप्‍पणियां:

सुज्ञ ने कहा…

जानते सभी थे, जानना और मानना अलग बात होती है और पाकिस्तान इसी संदेह का लाभ लेता रहा है। पर यह तो स्पष्ट साक्ष्य है।

प्रतुल वशिष्ठ ने कहा…

जहाँ देख रहा हूँ वहीं मजेदार शीर्षकों से ध्यान आकृष्ट किया जा रहा है.

सत्यवादी पाकिस्तान,

सर्वगुणसंपन्न कांग्रेस,

येदुरप्पा की ईमानदारी.

सोच रहा हूँ मैं भी कुछ मजेदार शीर्षक रच दूँ. जैसे कि

बेदाग़ हुतात्मा सरदार मनमोहन सिंह [चोरों का सरदार]

प्रातःस्मरणीय एल्तोनिआ माइनो [श्यामधन गोपिका]

नायकों के नायक राउल विंची [सुकन्या शीलभंजक]

प्रतुल वशिष्ठ ने कहा…

और ब्लॉग जगत में ...

सम्पूर्ण शाकाहारी दयालुहृदय डॉ. जमाल.

Smart Indian - स्मार्ट इंडियन ने कहा…

नफ़रत की बुनियाद पर अलग हुए देश से और उम्मीद भी क्या की जा सकती है? पाकिस्तान की सारी ऊर्जा नफ़रत और हिंसा को ज़िन्दा रखने में ही लगती है क्योंकि जिस दिन वह बारूद चुका, उसके अलग अस्तित्व की वजह अपने आप ही चुक जानी है। पढे-लिखे पाकिस्तानी निजी बातचीत में यह स्वीकार करते हैं कि वहाँ आशा की आखिरी किरण भी समाप्त हो चुकी है।